निजी सुरक्षा एजेंसी के गार्ड कर रहे है हथियार के लाइसेंस का खुला दुरूपयोग…?

निजी सुरक्षा एजेंसी के गार्ड कर रहे है हथियार के लाइसेंस का खुला दुरूपयोग

नौकरी व्यक्ति को मिली या उसके लाइसेंस को इसका जवाब किसीके पास नहीं

 

बिलासपुर—:बिलासपुर शहर में निजी सुरक्षा एजेंसी अधिनियम 2005 को गंभीरता के साथ लागू नही किया जाता ना है समय समय पर निजी सुरक्षा एजेंसियों के वैधानिक स्थिति कि जाँच होती है शहर में ऐसे कई संस्थान है जिनके बाहर शस्त्रधारी निजी सुरक्षा गार्ड खड़ा है आश्चर्य कि बात यह है कि न यह व्यक्ति छत्तीसगढ़ का है न ही इनके हथियार छत्तीसगढ़ का है अधिकतर मामलो में गन का लाइसेंस उत्तर प्रदेश से जारी हुआ है जहाँ पर इन दिनों पुलिश कि शक्ति के कारण बहुत सारे लोगो ने पलायन करना ही उचित समझा है सवाल यह उठता है कि जो व्यक्ति किसी संस्थान कि सुरक्षा के लिए खड़ा है उसके हाथ में जो शस्त्र है वह उसे उसकी जान की रक्षा और संपत्ति कि रक्षा केलिए दिया गया है जबकि वह उस हथियार के दम पर नौकरी कर रहा है और विपरीत परिस्थिति उत्पन्न होने परउस हथियार का उपयोग उस संस्थान कि सुरक्षा के लिए करेगा यह हथियार कि लाइसेंस कि शर्तो का उल्लंघन है बिलासपुर में निजी सुरक्षा एजेंसियों कि संख्या में लगातार इजाफा हुआ है और इनकी सेवा मौल से लेकर बैंक तक ले रहे है किसीको नही पता कि जो गार्ड गन लेकर खड़ा है उसका बैकग्राउंड क्या यहाँ तक कि पुलिस के पास भी इस संदर्भ में कोई पुख्ता सूचि उपलब्ध नही है कि जिले में अन्य राज्य के लाइसेंस धारी हथियार किनके पास है जिले में कई एजेंसी इस तरह कि है जो निजी स्तर पर भी गन्नर दे देती है जो व्यक्ति गन्नर रखता है उससे कभी कोई एजेंसी पूछताछ नहीं करती कि गन्नर का मुलनिवास कहाँ का है और उसके लाइसेंस का अंतिम परिक्षण कब हुआ था गन के लाइसेंस को देखकर ही शस्त्र अश्त्र कि दुकाने हथियार के अनुकूल असलाह देती है और रिकार्ड भी रखती है किस हथियार लाइसेंसधारी को कितना असलाह दिया गया शहर में एक तरफ अवैध शिकार के मामले बढ़ रहे है और कभी यह पता नही चलता कि जंगल के अन्दर जिस हथियार से जानवरों का कतल हो रहा है वह कहा से आरहा है यह मामला गहन है सबसे पहले तो निजी सुरक्षा संस्थान एजेंसी कि जाँच होनी चाहिए और जिला पुलिश को आदतन सुची बनानी चाहिए कि सहर में अन्य राज्य से आए हथियार और उनके धारको का काम तथा निवास कहाँ है वे जिस नौकरी को कर रहे है वह नौकरी व्यक्ति कि योग्यता पर है या हथियार के दम पर 

vandana