नजूल जमीनों की स्क्रीन पर डिटेल मांगा मेयर ने  जांच हुई तो खुलेगी कई कहानियां।

नजूल जमीनों की स्क्रीन पर डिटेल मांगा मेयर ने

जांच हुई तो खुलेगी कई कहानियां

 

 

बिलासपुर :- बिलासपुर शहर में नजूल की जमीन बड़ी मात्रा में है और यह वह प्रॉपर्टी है जिसका लोकेशन बेहद महत्वपूर्ण है हाल ही में राज्य सरकार ने  शासकीय जमीनों की खुली बिक्री का आदेश निकाला है तभी से बिलासपुर में रसूखदार राजनीतिक व्यक्तियों ने नजूल प्रॉपर्टी को गुपचुप तरीके से अपने नाम करने का खेल शुरू कर दिया है क्योंकि यह जमीन निगम क्षेत्र में है इसलिए नगर पालिक निगम बिलासपुर के मेयर रामशरण यादव ने  आम जनता को आगाह किया है की इन प्रॉपर्टी पर निगम की एनओसी आवश्यक है उन्होंने कहा कि नजूल की खाली पड़ी जमीन पर निगम का हक पहला है क्योंकि निगम स्थानीय निकाय है और जनहित के कार्य वही करती है उन्होंने कल इस संदर्भ में कलेक्टर को पत्र लिखकर नजूल जमीन के रकबे  खसरे और  आवेदन पत्रों की जानकारी मांगी है मेयर का मानना है कि नजूल की भूमि किसी निजी व्यक्ति को आवंटन करने से अच्छा होगा निगम को दी जाए ऐसा पता चला है कि मौका पेट्रोल पंप के सामने के 1 एकड़ जमीन पर एक ही परिवार के कई लोगों ने 7500 -7500 वर्ग फिट जमीन के स्वामित्व के लिए आवेदन लगाया है कुछ ही दिन पूर्व इसी तरह की फ्री होल्ड जमीन पर कब्जा कर निगम कर्मचारियों के साथ मारपीट की गई थी निगम प्रशासन भले ही इस मामले में चुप है किंतु महापौर ने कलेक्टर को पत्र लिखा है ऐसा माना जा रहा है कि मेयर फ्री होल्ड जमीनों पर   निगम के हक हो यूं ही नहीं जाने देंगे बिलासपुर में नजूल जमीनों का विवाद ऐतिहासिक है और गोल बाजार से लेकर मोपका तक, 27 खोली से लेकर गोल बाजार होते हुए गांधी पुतला से देवरीखुर्द तक नजूल की सीट की कई कहानियां हैं…

vandana