मुख्यमंत्री वृक्षारोपण प्रोत्साहन योजना का आज शुभारंभ किया गया। एक एकड़ भूमि मे वृक्ष लगाने वाले किसानों को 10’000 रुपए प्रोत्साहन राशि शासन की तरफ से मिलेगी।

मुख्यमंत्री वृक्षारोपण प्रोत्साहन योजना का आज शुभारंभ किया गया।

एक एकड़ भूमि मे वृक्ष लगाने वाले किसानों को 10’000 रुपए प्रोत्साहन राशि शासन की तरफ से मिलेगी।

भूषण श्रीवास

बिलासपुर – विश्व पर्यावरण दिवस के उपलक्ष पर प्रदेश में हरियाली लाने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री वृक्षारोपण प्रोत्साहन योजना का आज शुभारंभ किया गया। जिसकेे अंतर्गत बिलासपुर जिला मे मुख्यमंत्री भूपेश बघेल  और वन मन्त्री अखबर के कर कमलो से किया गया। इस योजना के अंतर्गत एक एकड़ भूमि मे वृक्ष लगाने वाले किसानों को 10’000 रुपए प्रोत्साहन राशि शासन की तरफ से मिलेगी। इस योजना मे फलदार वृक्ष भी लगाने होंंगे। इस कार्यक्रम मे शहर विधायक शैलेश पांडे , राजेश तिवारी , श्री विनोद वर्मा, सुुब्रत साहू , चतुर्वेदी,बिलासपुर कलेक्टर  सरास मित्तर,सभा आयुक्त संजय अलग,ससदीय  सचिव रश्मि सिंह ,जिला पंचायत अध्यक्ष, राजेन्द्र साहू, त्रिलोक श्रीवास,  महापौर बिलासपुर रामशरण यादव एवं बिलासपुर से सभी सम्मानीय जनप्रतिनिधि गण, सम्मानीय अधिकारी गण, वन विभाग और प्रशासन के अधिकारी, कांग्रेस के अध्यक्ष और नेता पार्षद एल्डरमेन सभी बड़ी सख्या मे उपस्तिथ थे बिलासपुर  जिले में सेंदरी के पास अरपा के किनारे वृक्षारोपण भी जगह- जगह बड़े पैमाने पर पौधे रोपते हुए पर्यावरण को संरक्षित एवं संवर्धित करने काम किया गया। इस दिशा पर 5 जून को पर्यावरण दिवस के रूप में विशेष महत्त्व इसलिए है कि इस दिन सन 1972 में पर्यावरण से संबंधित विश्व स्तर का पहला सम्मेलन स्वीडन की राजधानी स्टॉकहोम में किया गया था उसी को स्मरण करते हुए हम प्रतिवर्ष विश्व पर्यावरण दिवस 5 जून को मनाते है।आधुनिकता की दौड़ में भाग रहे प्रत्येक देश के बीच धरती पर हर दिन प्रदूषण काफी तेजी से बढ़ता जा रहा है जिसके दुष्प्रभाव समय- समय पर हमें देखने को मिल रहा है और अचानक प्रदूषण का स्तर बढ़ने से तापमान में भी तेजी के साथ बढ़ोतरी देखी जा सकती है तो कहीं पर बढ़े हुए प्रदूषण के कारण लंबे समय से बारिश भी नही हो पाती।यही त्रासदी है कि हम सबने कोविड- 19 महामारी के बीच कृतिम आक्सीजन की बढ़ती उपयोगिता को महसूस किया है। कहीं न कहीं इस प्राकृतिक आक्सीजन की कमी का बहुत बड़ा कारण हमारा असुरक्षित होता पर्यावरण है इसलिए प्रत्येक व्यक्ति को अपने जीवनकाल में एक पौधे अवश्य गोद लेना चाहिए और एक परिवार की सदस्य की तरह उस पौधे का वृक्ष बनते तक देखभाल करना चाहिए। पौधे पचास की जगह केवल पांच ही लगाएं किंतु इस प्रकार लगाएं की वह पौधे को आने वाली पीढ़ी भी कहे कि यह वृक्ष हमारे पूर्वज ने लगाएं है। डी ओ फो ने उजड़े जंगलों में पौधे रोपकर फिर से जंगल को उगाने संकल्प लेते हुए अपने आग्रह में कहा कि पर्यावरण को संरक्षित और स्वस्थ रखने की दिशा में 5 जून के अलावा अन्य दिनों भी वनविभाग से निशुल्क पौधा लेकर अपने आसपास पौधारोपण करते हुए मुख्यमंत्री वृक्षारोपण प्रोत्साहन योजना में सक्रिय रूप से भागीदारी बनकर धरा को आने वाले विकट संकट से बचाएं।

vandana